66 पदों की अनुमति के बाद 311 नियुक्तियों का मामला; जांच समिति ने गोविंद सिंह चौहान और जयदीप चौहान की भूमिका संदिग्ध मानकर की थी FIR की अनुशंसा जयदीप पर कार्रवाई नहीं, नौकरी के नाम पर लिए गए रुपयों की वापसी भी अटकी; स्टे के लिए 25 अगस्त को हाईकोर्ट में सुनवाई दशपुर दिशा । योगेश पोरवाल मंदसौर। पूर्व मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.गोविंद सिंह चौहान और उनके भतीजे जयदीप चौहान को लेकर चल रही कार्रवाई में नया मोड़ सामने आया है। आउटसोर्स कर्मचारियों की भर्ती में अनियमितता और बेरोजगार युवाओं से अवैध वसूली के मामले में गठित जांच समिति ने दोनों की भूमिका संदिग्ध पाए जाने पर उनके विरुद्ध आपराधिक प्रकरण दर्ज कर कार्रवाई किए जाने की अनुशंसा की थी। वहीं, कलेक्टर की अनुशंसा के बाद संभागायुक्त द्वारा डॉ. चौहान को