मंदसौर। जिले में कांग्रेस के नए जिलाध्यक्ष महेंद्र सिंह गुर्जर की नियुक्ति के साथ ही पार्टी में अंदरूनी फूट सतह पर आ गई है। कमलनाथ खेमे के नेता शैलेंद्र बघेरवाल ने जिलाध्यक्ष के पदभार ग्रहण समारोह के दिन पार्टी से इस्तीफा दे दिया। इसके साथ ही, जिला पंचायत सदस्य दीपक सिंह गुर्जर के एक पोस्टर ने विवाद को और हवा दी, जिसमें विधायक और पूर्व जिलाध्यक्ष विपिन जैन का फोटो गायब था।
नियुक्ति के बाद शुरू हुआ विरोध
महेंद्र सिंह गुर्जर के जिलाध्यक्ष बनने की घोषणा के बाद सोशल मीडिया पर कुछ नेताओं ने विरोध जताया था। प्रदेशाध्यक्ष जीतू पटवारी के कड़े पत्र के बाद यह विरोध धीमा पड़ा, लेकिन शैलेंद्र बघेरवाल के इस्तीफे ने पार्टी में गुटबाजी को फिर से उजागर कर दिया।

पोस्टर से सामने आई गुटबाजी
कांग्रेस पिछड़ा वर्ग के जिलाध्यक्ष और जिला पंचायत सदस्य दीपक सिंह गुर्जर ने 25 अगस्त को प्रस्तावित विशाल रैली और घेराव कार्यक्रम के लिए सोशल मीडिया पर एक पोस्टर साझा किया। इस पोस्टर में विधायक विपिन जैन का फोटो शामिल नहीं था, जिसके बाद सोशल मीडिया पर तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आईं। बीजेपी कार्यकर्ताओं ने इस गुटबाजी को लेकर कांग्रेस पर कटाक्ष किए।

मीनाक्षी नटराजन ने की विपिन जैन की तारीफ
पूर्व सांसद मीनाक्षी नटराजन ने एक पोस्ट में विधायक विपिन जैन के जिलाध्यक्ष कार्यकाल की सराहना की, जिससे पार्टी में खेमेबाजी और स्पष्ट हो गई।

नए जिलाध्यक्ष के सामने बड़ी चुनौती
नवागत जिलाध्यक्ष महेंद्र सिंह गुर्जर के लिए पार्टी के अंदरूनी मतभेदों को सुलझाना और सभी गुटों को एकजुट करना सबसे बड़ी चुनौती है। आगामी कार्यक्रमों को सफल बनाने के लिए उन्हें एकता स्थापित करने की दिशा में ठोस कदम उठाने होंगे।
Author: Yogesh Porwal
वर्ष 2012 से पत्रकारिता के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय है। राष्ट्रीय समाचार पत्र हमवतन, भोपाल मेट्रो न्यूज, पद्मिनी टाइम्स में जिला संवाददाता, ब्यूरो चीफ व वर्ष 2015 से मन्दसौर से प्रकाशित दशपुर दिशा समाचार पत्र के बतौर सम्पादक कार्यरत, एवं मध्यप्रदेश शासन द्वारा जिला स्तरीय अधिमान्य पत्रकार है। पोरवाल, खोजी पत्रकारिता के लिए चर्चित है तथा खोजी पत्रकारिता सम्मान से सम्मानित भी किए जा चुके है। योगेश पोरवाल ने इग्नू विश्वविद्यालय दिल्ली एवं स्वामी विवेकानंद सुभारती विश्वविद्यालय से जर्नलिज्म एंड मास कम्यूनिकेशन, न्यू मीडिया में पीजी डिप्लोमा और मास्टर डिग्री प्राप्त की, इसके अलावा विक्रम विश्वविद्यालय से एलएलबी, एलएलएम और वर्धमान महावीर ओपन विश्वविद्यालय से सायबर कानून में अध्ययन किया है।









